Kangra: राणो देवी की एक चीख ने बचाईं कई जिंदगियां, बोह घाटी में बादल फटने से 18 घर और स्कूल भवन बहा

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हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले के शाहपुर विधानसभा क्षेत्र की बोह घाटी में बादल फटने से आई विनाशकारी आपदा ने भारी तबाही मचाई है। इस प्राकृतिक आपदा में 18 घर और एक स्कूल भवन बह गया, जबकि कई पशुशालाएं और खेत भी मलबे की चपेट में आ गए। राहत की बात यह रही कि समय रहते एक महिला की सतर्कता के कारण बड़ा जानी नुकसान टल गया।

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गड़गून गांव में उस सुबह लगातार बारिश हो रही थी और लोग अपने-अपने घरों में मौजूद थे। इसी दौरान घर के बाहर खड़ी राणो देवी की नजर गांव के साथ बहने वाले नाले पर पड़ी। उन्होंने देखा कि नाले का पानी अचानक मटमैला हो गया है। यह दृश्य देखते ही चार साल पहले बोह घाटी में बादल फटने से हुई भीषण तबाही उनकी आंखों के सामने ताजा हो गई, जिसमें 10 लोगों की जान चली गई थी और कई घर मलबे में समा गए थे। राणो देवी को तुरंत अंदेशा हो गया कि कोई बड़ा खतरा आने वाला है।

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उन्होंने बिना समय गंवाए पूरे गांव में दौड़कर लोगों को चेतावनी देना शुरू कर दिया। वह जोर-जोर से चिल्लाने लगीं कि नाले में मलबा आ रहा है और सभी लोग तुरंत सुरक्षित स्थानों की ओर चले जाएं। उनकी आवाज सुनते ही ग्रामीण सतर्क हो गए। किसी ने बच्चों को गोद में उठाया तो किसी ने बुजुर्गों को सहारा देकर सुरक्षित स्थानों की ओर पहुंचाया।

चेतावनी के कुछ ही मिनट बाद नाले में मलबे और पानी का भयानक सैलाब आ गया। देखते ही देखते घर, पशुशालाएं और मवेशी इसकी चपेट में आ गए। खेतों में मलबा भर गया और गांव का बड़ा हिस्सा तबाह हो गया। लोगों को अपने घरों से कपड़े, राशन, नकदी, गहने या अन्य जरूरी सामान निकालने का भी मौका नहीं मिला। वर्षों की मेहनत से बनाई गई संपत्ति कुछ ही मिनटों में मलबे में दब गई।

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राणो देवी भावुक होकर बताती हैं कि अगर उन्होंने समय रहते लोगों को सचेत न किया होता तो यह हादसा कहीं अधिक भयावह हो सकता था। गांव के लोग भी मानते हैं कि उस दिन राणो देवी की आवाज उनके लिए किसी फरिश्ते की पुकार से कम नहीं थी। कई परिवारों ने अपना आशियाना खो दिया, लेकिन समय पर मिली चेतावनी के कारण अनेक लोगों की जान बच गई।

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बोह घाटी के स्पैड़ा गांव में भी भारी तबाही हुई है। यहां नाले में आई बाढ़ के कारण छह घर पूरी तरह तबाह हो गए। गड़गून और स्पैड़ा दोनों गांव इस आपदा से बुरी तरह प्रभावित हुए हैं। प्रशासन प्रभावित परिवारों की सहायता और राहत कार्यों में जुटा हुआ है।

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