Himachal: संजौली मस्जिद विवाद फिर गरमाया: वैधता की अर्जी की तैयारी, हिंदू संगठनों ने सरकार पर लगाए गंभीर आरोप

Date:

--Advertisement--

राजधानी शिमला के संजौली मस्जिद को लेकर चल रहा विवाद एक बार फिर तेज हो गया है। एक तरफ ऑल हिमाचल मुस्लिम ऑर्गेनाइजेशन ने मस्जिद निर्माण को वैध कराने के लिए नगर निगम शिमला के आयुक्त के पास औपचारिक आवेदन देने का फैसला किया है, तो दूसरी ओर हिंदू संघर्ष समिति और देवभूमि संघर्ष समिति ने इन दावों को खारिज करते हुए प्रदेश सरकार पर मुस्लिम पक्ष को संरक्षण देने के आरोप लगाए हैं।

ऑल हिमाचल मुस्लिम ऑर्गेनाइजेशन के अध्यक्ष नजाकत अली हाशमी ने सोमवार को शिमला में आयोजित पत्रकार वार्ता में कहा कि मस्जिद में हुआ निर्माण तकनीकी रूप से अवैध श्रेणी में आ सकता है, लेकिन इसे पूरी तरह गैरकानूनी नहीं कहा जा सकता। उन्होंने बताया कि मुस्लिम समाज नियमों के अनुसार इस निर्माण को वैध कराने की प्रक्रिया शुरू करेगा और नगर निगम में अनुमति के लिए आवेदन दायर किया जाएगा।

हाशमी ने यह भी कहा कि मुस्लिम समाज को देश की न्यायिक व्यवस्था पर पूरा भरोसा है और 9 मार्च को हाईकोर्ट में होने वाली अगली सुनवाई के आदेशों का पूरी तरह सम्मान किया जाएगा। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ लोग निजी स्वार्थ के चलते इस मामले को धार्मिक रंग दे रहे हैं। साथ ही उन्होंने इस दावे को भी खारिज किया कि मस्जिद जिस भूमि पर बनी है, वह संबंधित खसरा नंबर में दर्ज नहीं है। हाशमी ने कहा कि यदि हिंदू पक्ष के पास यहां पहले गण देवता के स्थान के प्रमाण हैं, तो उन्हें दस्तावेज सामने रखने चाहिए।

वहीं, हिंदू संघर्ष समिति ने मुस्लिम संगठन के सभी दावों को बेबुनियाद बताया है। समिति के नेता विजय शर्मा ने कहा कि नजाकत अली हाशमी की प्रेस वार्ता झूठ का पुलिंदा है और यह पूरा बयान प्रदेश सरकार की स्क्रिप्ट पर आधारित है। उन्होंने आरोप लगाया कि इससे पहले भी कई नेता अवैध मस्जिद निर्माण को बचाने की कोशिश कर चुके हैं। विजय शर्मा ने दावा किया कि इस मामले में पांच बार अदालत के फैसले मुस्लिम पक्ष के खिलाफ आ चुके हैं, इसके बावजूद बार-बार वही बातें दोहराई जा रही हैं। उनके अनुसार मस्जिद निर्माण पूरी तरह अवैध है और इसे वैध कराने की कोशिशें सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने का प्रयास हैं।

देवभूमि संघर्ष समिति के संयोजक भारत भूषण और एडवोकेट जगत पाल ने भी इस मुद्दे पर अलग से पत्रकार वार्ता की। उन्होंने कहा कि नजाकत अली हाशमी इस मामले में न तो पार्टी हैं और न ही प्रतिवादी, ऐसे में उनका बयान गैर जरूरी और जनता को भ्रमित करने वाला है। समिति ने यह भी आरोप लगाया कि हाशमी खुद बालूगंज मस्जिद से जुड़े मामले में विवादों में हैं। हालांकि समिति ने साफ किया कि वे अदालत का सम्मान करते हैं और न्यायिक प्रक्रिया पर कोई टिप्पणी नहीं करना चाहते, लेकिन मामले की पृष्ठभूमि लोगों के सामने रखना जरूरी है।

देवभूमि संघर्ष समिति ने कहा कि हिमाचल प्रदेश नगर निगम अधिनियम के अनुसार किसी भी पुराने ढांचे को तोड़ने या नया निर्माण करने से पहले अनुमति लेना अनिवार्य है। उनके अनुसार बिना अनुमति पुराने स्ट्रक्चर को तोड़ा गया और नोटिस मिलने के बावजूद पांच मंजिला इमारत खड़ी कर दी गई, जो पूरी तरह नियमों के खिलाफ है। समिति को उम्मीद है कि पहले की तरह आगे भी अदालत का फैसला अवैध निर्माण के खिलाफ ही आएगा।

For advertisements inquiries on HIM Live TV, Kindly contact us!

Connect with us on Facebook and WhatsApp for the latest updates!

--Advertisement--
--Advertisement--

Share post:

Subscribe

spot_img

Popular

More like this
Related

Kareri Lake News: 20 KM का कठिन ट्रेक कर रिड़कमार कॉलेज के छात्रों ने चमकाई करेरी झील, प्लास्टिक कचरा हटाकर दिया स्वच्छता का संदेश

राजकीय महाविद्यालय रिड़कमार के 34 विद्यार्थियों और 3 प्राध्यापकों ने करीब 20 किलोमीटर का कठिन ट्रेक कर करेरी झील में स्वच्छता अभियान चलाया। NSS इकाई और ऐतिहासिक सोसायटी के संयुक्त आयोजन में प्लास्टिक कचरा एकत्र कर उसका उचित निस्तारण किया गया। विद्यार्थियों ने मंदिर परिसर में भजन-कीर्तन भी किया

Nurpur Four Lane: बारिश के बाद दलदल बनी पठानकोट-मंडी फोरलेन, वाहन चालकों की बढ़ी परेशानी; हर पल हादसे का डर

नूरपुर में निर्माणाधीन पठानकोट-मंडी फोरलेन बारिश के बाद कई जगह दलदल में तबदील हो गया। कीचड़, जलभराव और गड्ढों के कारण वाहन चालकों, खासकर दोपहिया सवारों को परेशानी और हादसे का खतरा बढ़ गया है।

HPBOSE Registration 2026-27: 9वीं से 12वीं तक के छात्रों के लिए जरूरी खबर, 15 अक्टूबर तक बिना लेट फीस करें रजिस्ट्रेशन

हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड से संबद्ध सरकारी और निजी स्कूलों में कक्षा 9वीं से 12वीं के नियमित विद्यार्थियों का शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए ऑनलाइन पंजीकरण जारी है। बिना लेट फीस पंजीकरण की अंतिम तिथि 15 अक्तूबर है।

Bilaspur: नाबालिग बेटी के साथ मारपीट और जान से मारने की धमकी का आरोप, भराड़ी पुलिस ने दर्ज किया केस

बिलासपुर के भराड़ी थाना क्षेत्र में दलोटा निवासी व्यक्ति की शिकायत पर गांव के ही कुछ लोगों के खिलाफ मारपीट और जान से मारने की धमकी देने के आरोप में मामला दर्ज हुआ है। शिकायतकर्ता ने अपने और अपनी नाबालिग बेटी के साथ मारपीट का आरोप लगाया है।