हिमाचल के सरकारी CBSE स्कूलों में 117 कंप्यूटर शिक्षकों की नियुक्ति, ₹30 हजार मानदेय; जानें पूरी शर्तें

Date:

--Advertisement--

हिमाचल प्रदेश के सरकारी सीबीएसई स्कूलों में कंप्यूटर शिक्षा को मजबूत करने के लिए 117 कंप्यूटर शिक्षकों की नियुक्ति की गई है। स्कूल शिक्षा निदेशालय ने हिमाचल प्रदेश राज्य चयन आयोग की चयन प्रक्रिया के आधार पर इन शिक्षकों की नियुक्ति के आदेश जारी कर दिए हैं। नियुक्त शिक्षकों को हर महीने 30 हजार रुपये का निश्चित मानदेय मिलेगा, हालांकि यह भुगतान शैक्षणिक वर्ष में केवल 10 माह के लिए किया जाएगा। नियुक्ति पांच वर्ष की निश्चित अवधि के लिए अस्थायी आधार पर की गई है।

नियुक्त कंप्यूटर शिक्षकों को कक्षा छठी से बारहवीं तक कंप्यूटर, सूचना तकनीक और इससे जुड़े विषय पढ़ाने होंगे। इसके अलावा स्कूल की जरूरत के अनुसार उन्हें अतिरिक्त कक्षाएं लेने के साथ कमजोर विद्यार्थियों के लिए सुधारात्मक कक्षाएं भी संचालित करनी होंगी।

विभाग ने स्पष्ट किया है कि नियुक्त किए गए शिक्षक नियमित सरकारी कर्मचारी नहीं माने जाएंगे। उन्हें नियमित सरकारी कर्मचारियों को मिलने वाली सुविधाएं भी नहीं मिलेंगी। शिक्षा विभाग आवश्यकता के अनुसार इन शिक्षकों को किसी अन्य सरकारी स्कूल में भी भेज सकता है। इसके अलावा छुट्टी पर गए शिक्षकों की जगह या खाली पदों पर भी इनकी सेवाएं ली जा सकती हैं।

पांच कार्य दिवस में ज्वाइनिंग जरूरी

नियुक्ति पाने वाले शिक्षकों को कार्यभार संभालने से पहले समझौता पत्र, स्वघोषणा पत्र और सरकारी या पंजीकृत चिकित्सक से जारी स्वास्थ्य प्रमाणपत्र देना होगा। आदेश जारी होने के पांच कार्य दिवस के भीतर उन्हें कार्यभार संभालना अनिवार्य होगा। निर्धारित समय में ज्वाइन नहीं करने पर नियुक्ति स्वतः रद्द मानी जाएगी।

विभाग ने सभी प्रधानाचार्यों को निर्देश दिए हैं कि नियुक्त शिक्षकों के मूल प्रमाणपत्रों की जांच की जाए। खासतौर पर उनकी शैक्षणिक योग्यता का सत्यापन करने को कहा गया है। नियुक्ति चरित्र और पूर्व रिकॉर्ड की जांच पूरी होने तक अस्थायी रहेगी।

गलत जानकारी देने पर रद्द हो सकती है नियुक्ति

सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि यदि किसी शिक्षक ने गलत जानकारी दी, निर्धारित योग्यता पूरी नहीं की या किसी महत्वपूर्ण तथ्य को छिपाया, तो उसकी नियुक्ति रद्द की जा सकती है। ऐसी स्थिति में संबंधित व्यक्ति के खिलाफ कानूनी कार्रवाई भी की जा सकती है।

पांच साल की नौकरी से नियमित सरकारी नौकरी का दावा नहीं

इन शिक्षकों के लिए सबसे महत्वपूर्ण शर्त यह है कि पांच वर्ष की अस्थायी नियुक्ति से भविष्य में नियमित सरकारी नौकरी का कोई अधिकार या प्राथमिकता नहीं मिलेगी। यदि आगे चलकर नियमित पदों पर भर्ती की जाती है, तो इन शिक्षकों को भी निर्धारित चयन प्रक्रिया या परीक्षा में शामिल होकर अपनी योग्यता साबित करनी होगी।

Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement

For advertisements inquiries on HIM Live TV, Kindly contact us!

Connect with us on Facebook and WhatsApp for the latest updates!

--Advertisement--
--Advertisement--

Share post:

Subscribe

spot_img

Popular

More like this
Related

Kangra: धर्मशाला में जुटेंगे देशभर के 100 से ज्यादा वरिष्ठ अधिकारी, ई-गवर्नेंस पर बनेगा नया ब्लूप्रिंट; जेपी नड्डा और डॉ. जितेंद्र सिंह भी होंगे...

धर्मशाला में 16 और 17 अक्टूबर को ई-गवर्नेंस पर राष्ट्रीय बैठक आयोजित होगी, जिसमें देशभर के 100 से अधिक प्रधान सचिव स्तर के अधिकारी शामिल होंगे। मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू, केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा और केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह के भी कार्यक्रम में शामिल होने की संभावना है।

Himachal: राहुल गांधी के हाई टी कार्यक्रम में शामिल हुए CM सुक्खू, दिल्ली के बाद अब स्पीति में रहेगा रात्रि ठहराव; जानें पूरा कार्यक्रम

मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू राहुल गांधी के नई दिल्ली स्थित आवास पर आयोजित हाई टी कार्यक्रम में शामिल हुए। इसके बाद उनका स्पीति के रंगरीक जाने का कार्यक्रम है, जहां वह सरकार गांव के द्वार कार्यक्रम सहित कई विकास परियोजनाओं के उद्घाटन और जनसभा में शामिल होंगे।

Mandi: घर-घर डाक पहुंचाने वाली निधि अब चेन्नई में दिखाएंगी क्रिकेट का दम, भारतीय महिला टेनिस बॉल क्रिकेट टीम में चयन

मंडी मुख्य डाकघर में पोस्टमैन के पद पर तैनात उत्तर प्रदेश के बिजनौर की निधि का भारतीय महिला टेनिस बॉल क्रिकेट टीम में चयन हुआ है। वह 26 से 29 अक्टूबर तक चेन्नई में होने वाली एशियन टेनिस बॉल क्रिकेट चैंपियनशिप में ऑलराउंडर के रूप में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगी।

Una: BSF की 56 वर्षीय महिला हैड कांस्टेबल अंजना कुमारी का निधन, जम्मू से गांव पहुंचा पार्थिव शरीर; सैन्य सम्मान के साथ अंतिम विदाई

ऊना के गगरेट उपमंडल के जोह गांव की BSF हैड कांस्टेबल अंजना कुमारी (56) का जम्मू में ड्यूटी के दौरान अस्वस्थ होने के बाद निधन हो गया। मंगलवार को उनका अंतिम संस्कार पूरे सैन्य सम्मान के साथ किया गया, जहां BSF की विशेष टुकड़ी ने सशस्त्र सलामी देकर अंतिम विदाई दी।