Mandi: गोहर में आपदा प्रभावितों के लिए तीन राहत शिविर स्थापित, प्रशासन ने कहा – हम हर कदम पर साथ हैं

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उपमंडल गोहर (जिला मंडी) में हाल ही में आई भीषण बारिश और बाढ़ की वजह से कई गांवों में तबाही मच गई है। प्राकृतिक आपदा के चलते कई परिवारों के घर उजड़ गए हैं और लोगों को सुरक्षित स्थानों पर शरण लेनी पड़ी है। इस स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने तत्परता दिखाते हुए गोहर क्षेत्र में तीन राहत शिविर स्थापित किए हैं। कार्यवाहक एसडीएम स्मृतिका नेगी ने जानकारी दी कि इन राहत शिविरों को ग्राम पंचायत बाड़ा, स्यांज और जलशक्ति विभाग की निरीक्षण कुटीर बाड़ा में स्थापित किया गया है।

राहत शिविरों में ग्राम पंचायत बाड़ा में चार परिवारों के 16 सदस्य, निरीक्षण कुटीर बाड़ा में तीन परिवारों के 15 सदस्य और ग्राम पंचायत स्यांज में तीन परिवारों के 14 सदस्य अस्थायी रूप से रह रहे हैं। इन शिविरों में प्रशासन की ओर से 55 राशन किट और 4 कंबल वितरित किए गए हैं। साथ ही सभी शिविरों में रसोईघर की भी व्यवस्था की गई है ताकि प्रभावितों को भोजन की सुविधा समय पर उपलब्ध कराई जा सके।

विश्राम गृह बाड़ा में ठहरे परवाड़ा गांव के निवासी 40 वर्षीय परमानंद ने बताया कि वे अपने गांव में डेयरी फार्म चलाते थे, लेकिन 30 जून की रात आई भारी बारिश और बाढ़ ने उनका घर और व्यवसाय पूरी तरह तबाह कर दिया। किसी तरह जान बचाकर वह अपने परिवार सहित वहां से निकले और प्रशासन द्वारा राहत शिविर में पहुंचाए गए। उन्होंने बताया कि उन्हें वहां भोजन सहित अन्य आवश्यक सुविधाएं मिल रही हैं, जिसके लिए उन्होंने जिला प्रशासन और मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू का आभार जताया है।

वहीं पंचायत घर बाड़ा राहत शिविर में रह रहे चीतल बुखारी गांव के गुमान चंद ने बताया कि उनका घर और खेती योग्य भूमि बाढ़ में पूरी तरह बर्बाद हो गई। आपदा की रात उन्होंने अपने परिवार सहित जंगल में शरण ली और सुबह होते ही पंचायत प्रधान से संपर्क कर राहत शिविर पहुंचे। उन्होंने सरकार से अनुरोध किया है कि उन्हें किसी सुरक्षित स्थान पर बसाया जाए, जहां वे अपने परिवार के साथ सामान्य जीवन जी सकें।

एसडीएम स्मृतिका नेगी ने जानकारी दी कि उपमंडल गोहर में अब तक लगभग 7 लाख रुपये की राहत राशि वितरित की जा चुकी है। इसके साथ ही 489 तिरपाल, 75 राशन किट और 45 कंबल भी वितरित किए गए हैं। प्रशासन को कई सामाजिक और निजी संस्थाओं का सहयोग भी मिल रहा है। क्रश चैरिटेबल ट्रस्ट, नेरचौक व्यापार मंडल, टैक्सी यूनियन और कामधेनु ऑपरेटर्स जैसी संस्थाओं ने राशन, कपड़े, खिलौने, बिस्तर और अन्य जरूरी सामान राहत शिविरों में पहुंचाया है।

प्रशासन ने यह भी स्पष्ट किया कि आपदा की इस घड़ी में प्रभावित लोगों को हरसंभव सहायता प्रदान की जा रही है। सभी परिवारों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाकर उन्हें भोजन, पानी, दवाइयां और अन्य आवश्यक सुविधाएं मुहैया करवाई गई हैं। राहत सामग्री का वितरण भी तेजी से जारी है ताकि किसी भी प्रभावित व्यक्ति को किसी प्रकार की कठिनाई न हो। इसके साथ ही प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि जो भी दानी सज्जन पीड़ितों की मदद करना चाहते हैं, वे कृष्ण चंद (कानूनगो, एसडीएम कार्यालय गोहर) से मोबाइल नंबर 9418468350 पर संपर्क कर सकते हैं।

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