Una: ऊना गोलीकांड में बड़ा खुलासा! अवैध शराब कारोबार बना खूनी संघर्ष की वजह, 3 आरोपी गिरफ्तार

Date:

--Advertisement--

ऊना जिले के उपमंडल गगरेट के जोह बह क्षेत्र में हुए गोलीकांड मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए हत्या के प्रयास का मामला दर्ज कर तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान मोहिंदर सिंह उर्फ कोको, उसके बेटे जिम्मी और उनके साथी प्रदीप के रूप में हुई है। रविवार को तीनों आरोपियों को न्यायिक मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश किया गया, जहां से उन्हें चार दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया।

Advertisement

पुलिस जांच में सामने आया है कि इस घटना के पीछे अवैध शराब के कारोबार को लेकर चल रहा विवाद मुख्य वजह हो सकता है। जांच के अनुसार आरोपी मोहिंदर सिंह कथित तौर पर अवैध शराब का कारोबार करता है। कुछ दिन पहले पंजाब से आए एक शराब कारोबारी के बाऊंसरों ने उसे कथित रूप से कारोबार बंद करने की धमकी दी थी। इसी बात को लेकर आरोपी रंजिश रखे हुए था।

पुलिस के अनुसार शनिवार को शराब कारोबारी के करिंदे परमिंदर और धर्मेंद्र कार से जोह से डंगोह की ओर जा रहे थे। रास्ते में मोहिंदर सिंह और उसके दोनों साथी पहले से वाहन लेकर खड़े थे। दोनों पक्षों के आमने-सामने आने पर बहस शुरू हो गई। इसी दौरान गुस्से में आकर मोहिंदर सिंह ने अपनी लाइसेंसी बंदूक से गोली चला दी, जो देहरा (फतेहपुर) निवासी धर्मेंद्र सिंह की टांग में जा लगी।

Advertisement

घायल धर्मेंद्र सिंह का उपचार टांडा मेडिकल कॉलेज, कांगड़ा में चल रहा है और पुलिस के अनुसार वह खतरे से बाहर है। पुलिस ने उसके बयान दर्ज कर लिए हैं। रविवार को धर्मशाला से आई फोरेंसिक टीम ने भी घटनास्थल का निरीक्षण कर महत्वपूर्ण साक्ष्य एकत्र किए।

मामले में पंजाब से बाऊंसर बुलाकर कानून-व्यवस्था को चुनौती देने के पहलू पर ऊना के पुलिस अधीक्षक सचिन हिरेमठ ने कड़ा संज्ञान लिया है। जानकारी छिपाने और लापरवाही बरतने के आरोप में एसपी ने संबंधित एसएचओ और चौकी प्रभारी को कड़ी फटकार लगाई है।

डीएसपी अम्ब अनिल पटियाल ने बताया कि आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 109, 126(2) और आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस रिमांड के दौरान आरोपियों से गहन पूछताछ की जा रही है और मामले के सभी पहलुओं की जांच जारी है।

Advertisement

For advertisements inquiries on HIM Live TV, Kindly contact us!

Connect with us on Facebook and WhatsApp for the latest updates!

--Advertisement--
--Advertisement--

Share post:

Subscribe

spot_img

Popular

More like this
Related

बिल-वाउचर में हेराफेरी कर सरकारी सब्सिडी लेने का आरोप, पिता-बेटे समेत 3 पर केस; जांच में चौंकाने वाले खुलासे

कांगड़ा के जवाली क्षेत्र में बागवानी विभाग की योजनाओं में फर्जी बिल-वाउचर और कूटरचित दस्तावेजों के जरिए लाखों रुपये की सब्सिडी लेने के आरोप में पिता-बेटे समेत तीन लोगों पर केस दर्ज हुआ है। सतर्कता ब्यूरो की जांच में फर्जी बिल, रिकॉर्ड में विसंगतियां और सब्सिडी वाली योजनाओं में कथित अनियमितताओं के कई मामले सामने आए हैं।

बद्दी में बंद गोदाम पर देर रात छापा, 4 लाख प्रतिबंधित दवाएं और इंजेक्शन बरामद; कारोबारी पर NDPS एक्ट में केस

बद्दी में औषधि नियंत्रण विभाग और पुलिस ने बंद गोदाम पर छापा मारकर करीब चार लाख प्रतिबंधित गोलियां-कैपसूल और इंजेक्शन बरामद किए हैं। मामले में एएस केमिकल के मालिक अंकित शुक्ला के खिलाफ NDPS एक्ट के तहत केस दर्ज किया गया है।

शिमला में मिठाइयों पर बड़ी कार्रवाई, कॉकरोच मिलने पर 2 दुकानों के लाइसेंस सस्पेंड; गुलाबजामुन में मरी मक्खियां मिलने पर 10 किलो मिठाई नष्ट

शिमला में खाद्य सुरक्षा एवं विनियमन विभाग ने मिठाई दुकानों पर बड़ी कार्रवाई की है। बालूगंज में मिठाइयों में कॉकरोच मिलने पर दो प्रतिष्ठानों के खाद्य लाइसेंस निलंबित किए गए, जबकि बस स्टैंड की दुकान में गुलाबजामुन में मरी मक्खियां मिलने पर 10 किलो मिठाई नष्ट करवाई गई।

मणिमहेश कैलाश की चोटी पर चढ़ने निकला था गड़रिया, फिर जो हुआ उसे आज भी मानते हैं रहस्यमयी कहानी; जानें पूरी लोककथा

चंबा के भरमौर स्थित मणिमहेश कैलाश से जुड़ी गड़रिये की एक रहस्यमयी लोककथा आज भी श्रद्धालुओं के बीच चर्चित है। मान्यता है कि कैलाश की ओर चढ़ने का प्रयास करने वाला गड़रिया और उसके साथ मौजूद लोग पत्थर बन गए थे। हालांकि, इस कहानी का कोई वैज्ञानिक या ऐतिहासिक प्रमाण उपलब्ध नहीं है।