Himachal: निजी स्कूलों की मनमानी पर लगेगा ब्रेक, महंगी किताबें थोपने पर बोर्ड की सख्त चेतावनी

प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड नए शैक्षणिक सत्र से मान्यता प्राप्त सभी निजी स्कूलों में बच्चों से वसूली जाने वाली किताबों की कीमतों को लेकर सख्त रुख अपनाने जा रहा है। बोर्ड का साफ कहना है कि पहले भी निजी स्कूलों को स्पष्ट निर्देश दिए जा चुके हैं कि वे केवल स्कूल शिक्षा बोर्ड द्वारा निर्धारित किताबों से ही पढ़ाई करवाएं। बोर्ड की किताबें कम कीमत में उपलब्ध होती हैं और अभिभावकों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ नहीं डालतीं। इसके बावजूद यदि कोई स्कूल अन्य प्रकाशनों की महंगी किताबें लगाता है तो उस पर कार्रवाई की जाएगी।

बोर्ड अध्यक्ष डॉ. राजेश शर्मा ने कहा कि हर साल अभिभावकों की ओर से महंगी किताबों को लेकर शिकायतें सामने आती हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए बोर्ड जल्द ही एक अहम बैठक आयोजित करेगा, जिसमें इस मुद्दे पर विस्तार से चर्चा की जाएगी। इसके बाद सभी निजी मान्यता प्राप्त स्कूलों को स्पष्ट और कड़े निर्देश जारी किए जाएंगे कि वे बच्चों और अभिभावकों पर किताबों के नाम पर अतिरिक्त बोझ न डालें।

डॉ. राजेश शर्मा ने बताया कि स्कूल शिक्षा बोर्ड प्रदेश भर के निजी स्कूलों में औचक निरीक्षण भी करेगा। यदि जांच के दौरान कोई स्कूल बोर्ड द्वारा निर्धारित किताबों के अलावा अन्य किताबें पढ़ाते हुए पाया जाता है, तो संबंधित स्कूल और शिक्षक के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। बोर्ड ने साफ कर दिया है कि नियमों की अनदेखी किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

उन्होंने यह भी कहा कि यदि किसी अभिभावक को इस संबंध में शिकायत करनी है, तो वह बोर्ड के आधिकारिक फोन नंबर या अध्यक्ष की ई-मेल पर संपर्क कर सकता है। शिकायतकर्ता का नाम पूरी तरह गोपनीय रखा जाएगा, ताकि अभिभावकों को किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।

For advertisements inquiries on HIM Live TV, Kindly contact us!

Connect with us on Facebook and WhatsApp for the latest updates!